सांवरो मंगल रूप निधान।
जा दिन तें हरि गोकुल प्रगटे दिन दिन होत कल्याण ॥१॥
बैंठि रहों श्याम धुन सुमिरो रैन दिना सब ध्यान ।
श्री भट के प्रभु नैन भर देखों पीतांबर घनश्याम ॥२॥
हे कृष्ण, मैं आपका दास हूँ
सांवरो मंगल रूप निधान।
जा दिन तें हरि गोकुल प्रगटे दिन दिन होत कल्याण ॥१॥
बैंठि रहों श्याम धुन सुमिरो रैन दिना सब ध्यान ।
श्री भट के प्रभु नैन भर देखों पीतांबर घनश्याम ॥२॥
1 comment
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June 26, 2009 at 12:48 pm
Himanshu Narayan Das
Ye bajan sahity ke sanghra or Pustimarg ke prachar ka kafi aacha prayas hai.Mea aapka tahe dil se Thanks karta ho.